दुनिया के सबसे महान निवेशकों में शुमार 96 साल के वॉरेन बफेट (Warren Buffett) बीते 48 सालों से पानी ही नहीं पीते हैं. इसका खुलासा दिग्गज हेज फंड मैनेजर बिल एकमैन (Bill Ackman) ने एक पॉडकास्ट में किया है. उन्होंने इस हफ्ते एक पॉडकास्ट में बताया कि एक बार उन्होंने बफेट को अपने घर डिनर पर सादा या सोडा वाटर ऑफर किया, तो बफेट ने मना करते हुए कहा, "बिल, मैंने पिछले 48 सालों से पानी नहीं पिया है. वॉरेन बफेट का ऐसा कहना वाकई में हैरान कर देने वाला है. ऐसा सिर्फ एकमैन का ही नहीं कहना है, बल्कि खुद बफेट की बेटी सूजी बफेट ने भी एक डॉक्यूमेंट्री में इसका जिक्र किया है. 

Continues below advertisement

अब सवाल यह आता है कि वॉरेन बफेट पानी नहीं पीते हैं, तो फिर उनकी प्यास कैसे बुझती है. बता दें कि सादे पानी की जगह बफेट कोका-कोला पीते हैं. वह हर रोज करीब 5 कैन कोका-कोला पी जाते हैं. उन्हें चेरी कोक काफी ज्यादा पसंद है. बफेट मजाक में कहते हैं कि उनका शरीर एक-चौथाई कोका-कोला से बना है क्योंकि उनकी रोज की 2,700 कैलोरी का 25% हिस्सा इसी ड्रिंक से आता है. 

निवेश से है गहरा कनेक्शन

वॉरेन बफेट 1980 के दशक से पहले पेप्सी पीते थे, जिसके कारण उनका बेटा उन्हें 'पेप्सी वॉरेन' बुलाता था. लेकिन 1985 में उनके एक पड़ोसी, जो कोका-कोला के अधिकारी थे, ने उन्हें चेरी कोक का सैंपल भेजा, जिसके बाद बफेट इसके ऐसे दीवाने हुए कि 1986 में उन्होंने इसे अपनी कंपनी बर्कशायर हैथवे की बैठकों का आधिकारिक पेय घोषित कर दिया.

Continues below advertisement

बफेट ने 1986 में जब इसे आधिकारिक पेय घोषित किया, उसके ठीक दो साल बाद 1988 में बर्कशायर हैथवे ने कोका-कोला कंपनी में भारी निवेश करना शुरू किया. उन्होंने करीब 1.3 अरब डॉलर खर्च करके कोका-कोला के 400 मिलियन शेयर (लगभग 9% हिस्सेदारी) खरीदे. बफेट के इस कदम से निवेशकों को यह संदेश पहुंचा कि ''पैसा उसी बिजनेस में लगाओ, जिसे तुम अच्छी तरह से समझते हो.''

कोक से सालाना अरबों डॉलर की कमाई

कोका-कोला से बफेट को तगड़ी कमाई भी होती है. कंपनी ने फरवरी में अपने तिमाही डिविडेंड को बढ़ाकर 0.53 डॉलर प्रति शेयर कर दिया. जैसा कि पहले ही बताया गया कि बर्कशायर हैथवे के पास कोका-कोला के कुल 400 मिलियन (40 करोड़) शेयर हैं. इस हिसाब से बर्कशायर को कोका कोला से सालाना लगभग 848 मिलियन डॉलर (करीब 7,100 करोड़ रुपये) का पैसिव डिविडेंड मिल रहा है.

कोका-कोला को शेयर बाजार में 'डिविडेंड किंग' (Dividend King) के नाम से जाना जाता है, जो लगातार 64 सालों से हर साल अपने डिविडेंड में बढ़ोतरी करता आ रहा है. यही कारण है कि बफेट के बिना कुछ किए भी उन्हें कंपनी से अपने आप मोटा मुनाफा होता है. 

ये भी पढ़ें:

क्या आज आपकी भी कट कर आई है सैलरी? जानें EPFO और नए वेज कोड का पूरा मामला