Smart RC: उत्तर प्रदेश सरकार अब एक बेहद बड़ा बदलाव करने जा रही है. बता दें कि, 1 अगस्त से एक बड़ा और महत्वपूर्ण बदलाव होने जा रहा है. राज्य सरकार और परिवहन विभाग अब पारंपरिक कागजी रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट की व्यवस्था को हमेशा के लिए खत्म करने जा रहे हैं. इसकी जगह अब वाहन चालकों को एटीएम कार्ड के आकार वाली स्मार्ट कार्ड आरसी जारी की जाएगी. इस नई स्मार्ट आरसी में हाई-टेक इलेक्ट्रॉनिक चिप और क्यूआर कोड दोनों लगे होंगे.

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आपको बता दें कि, परिवहन राज्य मंत्री दयाशंकर सिंह के निर्देशों पर विभाग ने इस नई कानून को लागू करने की पूरी तैयारी कर ली है. 1 अगस्त से खरीदे जाने वाले सभी नए वाहनों के लिए अनिवार्य रूप से यह स्मार्ट आरसी ही जारी होगी. वहीं, इसके अलावा जिन लोगों के पास पुराने वाहन हैं और वे अपनी कागजी आरसी को स्मार्ट कार्ड में बदलना चाहते हैं उनके लिए भी ऑनलाइन आवेदन की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी. चलिए जानतें हैं विस्तार से खबर के बारें में.

ATM कार्ड जैसी होगी नई स्मार्ट आरसी  

बता दें कि, अब तक उत्तर प्रदेश में गाड़ी खरीदने पर जो पेपर आरसी मिलती थी. उसके फटने, भीगने या खराब होने का डर हमेशा बना रहता था. साथ ही जेब में पेपर आरसी को संभालकर रखना भी काफी झंझट भरा काम था. लेकिन 1 अगस्त से मिलने वाली नई स्मार्ट आरसी मजबूत प्लास्टिक मटेरियल से बनी होगी और इसका आकार बिल्कुल आपके क्रेडिट या डेबिट कार्ड जैसा होगा.

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वहीं, इस प्लास्टिक कार्ड के अंदर एक सुरक्षित इलेक्ट्रॉनिक माइक्रोचिप लगाई गई है. जिसमें वाहन और उसके मालिक का पूरा विवरण डिजिटली स्टोर रहेगा. इसके अलावा कार्ड के बाहरी हिस्से पर एक विशेष क्यूआर कोड प्रिंट होगा.

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कैसे काम करेगी चिप?  

जानकारी के लिए बता दें कि, स्मार्ट आरसी में दी गई इलेक्ट्रॉनिक चिप में वाहन का इंजन नंबर, चेसिस नंबर, फ्यूल टाइप, और वाहन स्वामी का नाम व पता एन्क्रिप्टेड फॉर्मेट में दर्ज रहेगा. इस चिप में मौजूद डेटा से किसी भी तरह की छेड़छाड़ करना या फर्जी दस्तावेज तैयार करना लगभग नामुमकिन है. जिससे फर्जीवाड़ा करने वाले गिरोहों पर नकेल कसेगी.

वहीं, चेकिंग के दौरान ट्रैफिक पुलिस या आरटीओ अधिकारियों को अब गाड़ियों के लंबे रजिस्ट्रेशन नंबर मैन्युअली टाइप नहीं करने पड़ेंगे. वे अपने मोबाइल या हैंडहेल्ड स्कैनर से सीधे आरसी पर बने क्यूआर कोड को स्कैन करेंगे. स्कैन करते ही वाहन सर्वर के केंद्रीय डेटाबेस से गाड़ी के इंश्योरेंस, पीयूसी और टैक्स पेमेंट की रियल-टाइम जानकारी तुरंत स्क्रीन पर आ जाएगी.

ऐसे कर सकेंगे ऑनलाइन अप्लाई  

अगर आपके पास पहले से कोई पुरानी गाड़ी है और आपके पास उसकी कागजी आरसी है तो आपको घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है. सरकार ने पुराने वाहन मालिकों को भी अपनी आरसी को स्मार्ट कार्ड में अपग्रेड करने का विकल्प दिया है. इन आसान स्टेप्स से आप ऑनलाइन अप्लाई कर सकते हैं.

  • आवेदन प्रक्रिया: वाहन मालिक केंद्र सरकार के आधिकारिक वाहन पोर्टल पर जाकर अपनी गाड़ी का नंबर दर्ज करके स्मार्ट आरसी के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे.
  • फीस और डिलीवरी: आवेदन के साथ सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम शुल्क जमा करना होगा. प्रक्रिया पूरी होने के बाद नई स्मार्ट आरसी स्पीड पोस्ट के जरिए सीधे वाहन मालिक के घर के पते पर भेज दी जाएगी.

चेकिंग होगी अब आसान

बता दें कि, उत्तर प्रदेश में पहले से ही चिप और क्यूआर कोड से लैस ड्राइविंग लाइसेंस दिए जा रहे हैं. अब ड्राइविंग लाइसेंस की तर्ज पर ही रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट को भी पूरी तरह डिजिटल और हाई-टेक बनाया जा रहा है. इस व्यवस्था के लागू होने से प्रदेश भर में चोरी के वाहनों की खरीद-बिक्री और एक ही नंबर पर दो गाड़ियां चलाने जैसे अपराधों पर काफी हद तक रोक लग सकेगी.

वहीं, इसके अलावा सड़कों पर ट्रैफिक पुलिस की चेकिंग भी पहले से काफी तेज और पारदर्शी हो जाएगी. कागजातों की जांच में समय बर्बाद नहीं होगा और फर्जी आरसी लेकर घूमने वाले चालकों को आसानी से पकड़ा जा सकेगा. 1 अगस्त से लागू हो रही यह व्यवस्था उत्तर प्रदेश के परिवहन ढांचे को आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है.

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