भारत सरकार ने हाल ही में GST 2.0 का ऐलान किया है, जो ऑटो सेक्टर और इससे जुड़ी तमाम इंडस्ट्री के लिए गेम-चेंजर साबित हो सकता है. नए जीएसटी ढांचे के तहत दोपहिया, छोटी कारें, ट्रैक्टर, बसें और कमर्शियल व्हीकल्स पर टैक्स घटा दिया गया है. इससे गाड़ियों की कीमतें कम होंगी, मांग बढ़ेगी और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे. सरकार का दावा है कि यह सुधार मेक इन इंडिया, पीएम गति शक्ति और क्लीन मोबिलिटी जैसे अभियानों को भी मजबूत करेगा. आइए विस्तार से जानते हैं.

 10% तक सस्ती होंगी गाड़ियां

  • दरअसल, GST दरों में कमी का सबसे बड़ा असर आम खरीदारों पर पड़ेगा. अब दोपहिया वाहन और छोटी कारें 10% तक सस्ती मिलेंगी. कीमतें घटने से न सिर्फ मैन्युफैक्चरिंग और सेल्स बढ़ेंगी, बल्कि ग्रामीण और शहरी दोनों इलाकों में ऑटोमोबाइल सेक्टर की डिमांड में तेज उछाल आएगा. इससे लॉजिस्टिक्स और सर्विस सेक्टर में भी ग्रोथ होगी. साथ ही, बैंकों, एनबीएफसी और फिनटेक कंपनियों के जरिए लोन पर गाड़ी खरीदना और आसान हो जाएगा.

3.5 करोड़ नौकरियों को मिलेगा सपोर्ट

  • GST सुधार सिर्फ गाड़ियों की कीमत घटाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह रोजगार पर भी सीधा असर डालेगा. रिपोर्ट के मुताबिक, यह कदम ऑटो और इससे जुड़ी इंडस्ट्री में 3.5 करोड़ से ज्यादा नौकरियों को सपोर्ट करेगा. इससे टायर, बैटरी, स्टील, प्लास्टिक, ग्लास और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे छोटे उद्योगों को मजबूती मिलेगी. वहीं, ड्राइवर, मैकेनिक, गिग वर्कर्स और सर्विस सेक्टर में नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे.

पुराने वाहनों की जगह नए और क्लीन वाहन

  • GST सुधार का एक और फायदा यह है कि लोग अब पुराने और प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों की जगह नए, फ्यूल-इफिशिएंट और EV वाहनों को अपनाएंगे. इससे सड़क पर प्रदूषण और ट्रैफिक जाम कम करने में मदद मिलेगी. सरकार का मानना है कि पब्लिक ट्रांसपोर्ट जैसे बसों के इस्तेमाल को भी बढ़ावा मिलेगा.

GST Slab हुई आसान और स्थिर

  • बता दें कि अब तक जीएसटी चार स्लैब – 5%, 12%, 18% और 28% – में बंटा था, लेकिन 56वीं जीएसटी काउंसिल की बैठक में इसे घटाकर दो मुख्य दरों (5% और 18%) में लाया गया है. वहीं, लग्जरी और सिन गुड्स पर 40% टैक्स लागू होगा. ये नया टैक्स स्लैब 22 सितंबर 2025 यानी नवरात्रि के पहले दिन से लागू होगा. सरकार ने इसे नेक्स्ट-जेन जीएसटी रेशनलाइजेशन का नाम दिया है. 

ये भी पढ़ें: Tata Altroz को भारत NCAP से मिली 5 स्टार सेफ्टी रेटिंग, जानें किन गाड़ियों को देती है टक्कर


Car loan Information:

Calculate Car Loan EMI