अपराजिता का पौधा अपनी खूबसूरत नीले और सफेद फूलों के लिए जाना जाता है. इसे घर के गार्डन, बालकनी या छत पर गमले में आसानी से उगाया जा सकता है. यह बेल के रूप में बढ़ता है और उचित सहारा मिलने पर तेजी से फैलने लगता है. ऐसे में अगर आप भी घर में अपराजिता लगाना चाहते हैं, तो सबसे पहले मिट्टी और गमले की सही तैयारी करना जरूरी है. आइए जनते हैं घर में अपराजिता उगाने के आसान तरीके.

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भुरभुरी मिट्टी होगी सही

अपराजिता को ऐसी मिट्टी पसंद होती है जिसमें पानी जमा न हो और जिसमे जड़ों तक हवा आसानी से पहुंच सके. इसके लिए दो भाग सामान्य बगीचे की मिट्टी,  एक भाग सड़ी हुई गोबर की खाद और एक भाग रेत मिलाकर मिट्टी तैयार करना बेहतर होगा. मिट्टी हल्की और भुरभुरी होनी चाहिए. बहुत ज्यादा चिकनी या पानी रोकने वाली मिट्टी में पौधे की जड़ें सड़ जाती हैं. खाद मिलाने से मिट्टी में पोषक तत्व बढ़ते हैं और पौधे को अच्छी ग्रोथ मिलती है.

सही गमला का करें चुनाव

अपराजिता एक बेल वाला पौधा है, इसलिए शुरुआत में कम से कम 10-12 इंच का गमला लेना बेहतर होता है. ऐसे गमले का चुनाव करें जिसमें नीचे पानी निकलने के लिए पर्याप्त ड्रेनेज होल जरूर हो. गमले में मिट्टी भरने से पहले नीचे थोड़े सूखे पत्ते या नारियल के छिलके के टुकड़े लगाएं, ताकि अतिरिक्त पानी आसानी से निकल सके.

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बीज से उगाएं अपराजिता

अपराजिता को बीज से उगाना काफी आसान है. अच्छे और स्वस्थ बीज चुनकर उन्हें करीब 8-12 घंटे पानी में भिगोकर रखें. इसके बाद गमले की नम मिट्टी में बीज लगभग आधा से एक इंच गहराई में डालें और ऊपर से हल्की मिट्टी डाल दें. मिट्टी में नमी बनाए रखें, लेकिन जरूरत से ज्यादा पानी न डालें. सामान्य परिस्थितियों में कुछ दिनों से लेकर करीब दो सप्ताह के भीतर बीज अंकुरित हो जाते हैं.

पर्याप्त रोशनी वाली जगह गमला रखें

अपराजिता को अच्छी ग्रोथ और ज्यादा फूलों के लिए पर्याप्त रोशनी की जरूरत होती है. रोजाना करीब 4-6 घंटे की धूप अपराजिता के लिए फायदेमंद होती है. पौधे को पानी तभी दें जब मिट्टी की ऊपरी सतह हल्की सूखी महसूस हो. हर दिन जरूरत से ज्यादा पानी देने से जड़ों को नुकसान हो पहुंचता है. जब पौधा बढ़ने लगे तो उसे लकड़ी या तार से सहारा दें. इससे बेल ऊपर की ओर फैलती है और पौधे को बेहतर आकार मिलता है.

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